जम्मू कश्मीर में विधानसभा चुनाव (J-K Assembly Election) होने हैं। तमाम राजनीतिक दल अपने अपने सूरमा को टिकट देकर सत्ता पर काबिज होना चाहते हैं। चुनावी दंगल में उतरने वाले ऐसे ही एक उम्मीदवार है रविंद्र रैना (Ravinder Raina)। ये बीजेपी (BJP) की ओर से नौशेरा सीट (Nowshera Seat) पर चुनाव लड़ने जा रहे हैं। इनकी संपत्ति को लेकर एक दिलचस्प बात सामने आई है।
दरअसल, 2014 के मुकाबले 2024 में ये और गरीब हो गए हैं। रविंद्र रैना (Ravinder Raina) ने 2014 के चुनावों के दौरान जो हलफनामा दिया था, उसके मुताबिक उनके पास 20 हजार रुपये कैश थे। उनके सेविंग अकाउंट में मात्र 1000 रुपये थे। वहीं, जो हलफनामा उन्होंने अब (2024) दिया है, उसके मुताबिक उनके पास मात्र एक हजार रुपये कैश है। उनके पास कोई गाड़ी नहीं है, उनके नाम पर कृषि भूमि, पैतृक संपत्ति नहीं है। उनके नाम पर कोई घर भी नहीं है। रविंद्र रैना (Ravinder Raina) का कहना है कि उनके पास जम्मू के गांधी नगर में एक सरकारी आवास है। जो उन्हें 2014 विधायक बनने के बाद आवंटित हुआ था।
रविंद्र रैना (Ravinder Raina) पर कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है। उन पर बिजली, फोन या पानी का बिल भी बकाया नहीं है। रविंद्र रैना, जम्मू-कश्मीर में बीजेपी के सीनियर नेता हैं। 2017 से पहले वो जम्मू-कश्मीर में बीजेपी के अध्यक्ष पद पर रहे हैं। वो आरएसएस (RSS) के भी करीबी माने जाते हैं।
2014 में रविंद्र रैना ने नौशेरा विधानसभा सीट से 37,374 वोट हासिल करके जीत दर्ज की थी। उन्होंने पीडीपी के सुरिंदर चौधरी को 9,503 वोटों से हराया था।


