Delhi Election: दिल्ली चुनाव में वोटिंग खत्म होते ही एग्जिट पोल के नतीजे सामने आगए हैं। लगभग सभी एग्जिट पोल में बीजेपी (BJP) दिल्ली कि सत्ता में वापिस आती नजर आ रही है। यूं तो नतीजे आठ फरवरी को ही सामने आएंगे लेकिन उससे पहले अब बीजेपी के सीएम फेस को लेकर चर्चा तेज हो गई है। बता दें कि बीते 27 सालों से बीजेपी दिल्ली की सत्ता से बाहर है। अंतिम बार बीजेपी की मुख्यमंत्री सुषमा स्वराज (Sushma Swaraj) रही थी। लेकिन इस बार अगर बीजेपी जीती तो दिल्ली में सीएम चेहरा कौन होगा इन दिनों खूब चर्चा हो रही है। आइए आपको उन तीन चेहरों के बारे में बताते हैं जिन्हें बीजेपी जीतने पर सीएम बना सकती है।
बताते चलें कि बाकी राज्यों की तरह ही बीजेपी ने इस बार दिल्ली चुनाव भी अपने किसी भी नेता को दिल्ली में मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित किए बिना चुनाव लड़ा था। बल्कि पीएम मोदी के नाम और काम को लेकर बीजेपी दिल्ली चुनाव में उतरी थी। वहीं, चुनाव के दौरान आम आदमी पार्टी और कांग्रेस पूरे चुनाव के दौरान बीजेपी से यही सवाल करते रहे कि बताए दिल्ली में कौन उसका चेहरा होगा। साथ ही आम आदमी पार्टी कभी रमेश बिधूड़ी के नाम को तो कभी प्रवेश वर्मा के नाम को बीजेपी का दिल्ली में चेहरा बताती रही है।
प्रवेश वर्मा (Pravesh Verma)
इस बार के दिल्ली चुनाव में बीजेपी ने प्रवेश वर्मा को नई दिल्ली सीट पर अरविंद केजरीवाल के खिलाफ चुनावी मैदान में उतारा था। ऐसे में अगर प्रवेश वर्मा केजरीवाल को हराकर जीत हासिल कर लेते हैं और बीजेपी की सत्ता में वापसी होती है तो सीएम की रेस में उनका नाम भी होगा। बता दें कि नई दिल्ली विधानसभा सीट को दिल्ली की सत्ता का धुरी कहा जाता है। इस सीट के लिए यह भी कहा जाता है कि ये सीट ही दिल्ली को मुख्यमंत्री देती है। ऐसे में प्रवेश वर्मा के सीएम पद के लिए दावेदारी और बढ़ जाएगी। गौरतलब है कि इसी सीट से जीतकर शीला दीक्षित ने 15 साल राज किया और अरविंद केजरीवाल भी मुख्यमंत्री रह चुके हैं।
प्रवेश वर्मा जाट समाज से आते हैं और बाहरी दिल्ली में जाट वोट बड़ी संख्या में है। जाट समीकरण के चलते ही उनके पिता साहिब सिंह वर्मा दिल्ली के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। जाट समीकरण के लिहाज से प्रवेश वर्मा फिट बैठते हैं, लेकिन परिवारवाद उनकी राह में रोड़ा बन सकता है। बीजेपी ने किसी भी मुख्यमंत्री के बेटे को अभी तक सीएम नहीं बनाया है। इसके अलावा प्रवेश वर्मा की राह में उनके विवादित बयान भी बाधा बन सकते हैं।
मनोज तिवारी (Manoj Tiwari)
प्रवेश वर्मा के अलावा मनोज तिवारी भी दिल्ली सीएम पद के लिए प्रबल दावेदार हैं। अगर बीजेपी इस बार दिल्ली चुनाव जीतती है तो सांसद मनोज तिवारी को सीएम बनाया जा सकता है। मालूम हो कि मनोज तिवारी लगातार तीन बार से नॉर्थ दिल्ली सीट से सांसद हैं और बीजेपी के पूर्वांचल चेहरा माने जाते हैं। इतना ही नहीं तिवारी लगातार तीन बार से लोकसभा चुनाव जीत रहे हैं। साल 2024 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी ने दिल्ली के 7 में से 6 सांसदों का टिकट काट दिया था, लेकिन मनोज तिवारी एकलौते चेहरा थे, जिनको टिकट दिया था।
वहीं, मनोज तिवारी पहले भी दिल्ली प्रदेश की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं। मनोज तिवारी के अध्यक्ष रहते हुए साल 2020 में दिल्ली चुनाव हुए थे। हालांकि, उस दौरान बीजेपी सत्ता में नहीं आ सकी थी। लेकिन फिर भी दिल्ली में पूर्वांचल वोटों की सियासी ताकत को देखते हुए उनकी किस्मत का सितारा बुलंद हो सकता है। अगर मनोज तिवारी के राजनीतिक पारी की बात करें तो उन्होंने सपा से शुरुआत की थी। बाद में वह से बीजेपी में आए हैं। इसके अलावा दिल्ली में विधानसभा चुनाव भी नहीं लड़े हैं। ऐसे में बीजेपी उन्हें सीएम बनाने का दांव चल सकती है।
स्मृति ईरानी (Smriti Irani)
दिल्ली चुनाव से पहले बीजेपी के सदस्यता अभियान के दौरान स्मृति ईरानी को खासा एक्टिव पाया गया था। तभी दिल्ली के मुख्यमंत्री चेहरे के तौर पर भी उनकी चर्चा भी होने लगी थी। हालांकि, इस पर कोई औपचारिक तौर पर बयान सामने नहीं आया था। बता दें कि लोकसभा चुनाव में राहुल गांधी को अमेठी में शिकस्त दे चुकीं स्मृति ईरानी भी दिल्ली में सीएम पद के लिए प्रबल दावेदार मानी जा रही हैं। हालांकि, 2024 के लोकसभा चुनाव में स्मृति ईरानी को हार का मुंह देखना पड़ा था, और तब से वो फ्रंट पर कम ही सक्रिय देखी जा रही हैं। हालांकि, वह दिल्ली में भी पर्दे के पीछे काम कर रही हैं।
वीरेंद्र सचदेवा (Virendra Sachdeva)
दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने इस चुनाव में बहुत मेहनत किया है। उनका नाम भी दिल्ली बीजेपी के बड़े नामों में शामिल है। अगर दिल्ली में पार्टी जीती तो उनका योगदान भी माना जाएगा। ऐसे में अगर पार्टी को जीत मिली तो पार्टी इनको भी सीएम का चेहरा बना सकती है हालाकि अभी ये बस कयास भर ही है।
बांसुरी स्वराज (Bansuri Swaraj)
दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री सुषमा स्वराज की बेटी बांसुरी स्वराज नई दिल्ली लोकसभा सीट से सांसद है। साथ ही पिछले कुछ महीनो में उनकी सक्रियता जिस कदर बढ़ी है और स्थानीय राजनीति में वह जिस तरह से जिम्मेदारी निभा रही है। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि अगर बीजेपी को दिल्ली में सत्ता हासिल हुई तो बांसुरी स्वराज भी सीएम की रेस में आ सकती है।


