Farmers Protest: एक बार फिर किसान दिल्ली की तरफ कूच कर रहे हैं। हजारों की संख्या में किसान दिल्ली और नोएडा के बॉर्डर पर पहुंच गए हैं।
सरकार ने भारी संख्या में पुलिस बल को तैनात किया है। किसानों के दिल्ली-नोएडा बॉर्डर पर पहुंचने के कारण लंबा जाम लग गया है। अभी किसानों ने कहा है कि वह राज्य सरकार से बातचीत करेंगे। अगर बातचीत विफल हुआ तो दिल्ली कूच करेंगे। किसानों ने कहा कि जल्द ही वे सड़कों को छोड़ देंगे और दलित प्रेरणा स्थल के अंदर धरना देंगे।
दिल्ली-नोएडा बॉर्डर पर लगा हुआ है भारी जाम
आपको बता दें कि दिल्ली के चिल्ला बॉर्डर, यूपी गेट, कालिंदी कुंज पर भीषण ट्रैफिक जाम देखने को मिल रहा है। किसान के दिल्ली कूच करने के बाद ट्रैफिक रूट डायवर्जन किया गया है। चिल्ला बॉर्डर से होते हुए नोएडा के सेक्टर 15ए से दिल्ली और कालिंदी कुंज से दिल्ली जाने वाले रास्तों पर गाड़ियों की लंबी कतारें लगी हुई है। महामाया फ्लाईओवर पर भी कई किलोमीटर लंबा जाम देखने को मिल रहा है। ट्रैफिक पुलिस ने पहले से ही एडवाइजरी जारी कर दी थी।
क्या है किसानों की मांग?
किसानों की मांग है कि उनको गौतमबुद्ध नगर में जमीन अधिग्रहण पर पूरे राज्य की तरह ही दाम का 4 गुना मुआवजा दिया जाए। किसानों का कहना है कि पिछले 10 सालों में जो सर्किल रेट नहीं बढ़ा है उसे भी बढ़ाया जाए। इसके साथ ही किसान विकसित भूखंड का 10 फीसदी दिए जाने की मांग कर रहे हैं।
हाईवे पर धरना देने बैठे किसान
आज सुबह करीब 12 बजे से ही किसान दिल्ली बॉर्डर के पास इकट्ठा होना शुरू हो गए थे। हालांकि किसानों को पुलिस ने रोक दिया और किसान हाईवे पर ही धरने पर बैठ गए हैं। किसान लगातार नारेबाजी कर रहे हैं। पुलिस किसानों को दिल्ली में प्रवेश करने से रोकने की पूरी कोशिश कर रही है।
नई दिल्ली में लागू है बीएनएस की धारा 163
मीडिया से बात करते हुए पूर्वी दिल्ली की डीसीपी अपूर्वा गुप्ता ने कहा कि हमें कुछ किसान संगठनों के बारे में पहले से ही सूचना मिली थी। संसद सत्र चलने के कारण उन्हें विरोध प्रदर्शन के लिए दिल्ली में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई।
आपको बता दें कि नई दिल्ली में बीएनएस की धारा 163 लागू की गई है। दिल्ली पुलिस के संयुक्त सीपी संजय कुमार ने कहा कि संसद सत्र को देखते हुए नई दिल्ली क्षेत्र में धारा 163 लागू की गई है। महामाया फ्लाईओवर, डीएनडी या कालिंदी कुंज पर जवानों की अतिरिक्त तैनाती की गई है।


