गिरिडीह, 4 मार्च (आईएएनएस)। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन (Hemant Soren) ने एक बार फिर चेतावनी दी है कि केंद्र सरकार ने अगर झारखंड के बकाया एक लाख 36 हजार करोड़ रुपये नहीं दिए, तो उनकी सरकार न सिर्फ कानूनी लड़ाई शुरू करेगी, बल्कि जरूरत पड़ी तो राज्य से एक ढेला कोयला और खनिज बाहर नहीं जाने देगी।
झारखंड मुक्ति मोर्चा (Jharkhand Mukti Morcha) की स्थापना दिवस पर मंगलवार शाम गिरिडीह के झंडा मैदान में आयोजित बड़ी जनसभा को संबोधित करते हुए सीएम सोरेन (CM Hemant Soren) ने कहा, हम भले सरकार में हैं, लेकिन राज्य के गरीबों, पिछड़ों, आदिवासियों के हक के लिए सड़क पर भी उतरकर संघर्ष करने को तैयार हैं।
विपक्षी पार्टियों पर जुबानी हमला करते हुए उन्होंने कहा कि जब इनका शासन था तो इन्होंने राज्य को दलदल में धकेल दिया था। पिछले पांच साल में हमारी सरकार राज्य को उसी दलदल से बाहर निकालने में जुटी रही। अब आने वाले दिनों में हम झारखंड को देश के सबसे अगले राज्यों की कतार में लाकर खड़ा करेंगे।
मुख्यमंत्री (Hemant Soren) ने कहा कि उनकी सरकार के प्रयासों के नतीजे सामने आने लगे हैं। नीति आयोग ने भी झारखंड को उन चार सर्वश्रेष्ठ राज्यों में रखा है, जिनकी अर्थव्यवस्था बेहतर हुई है। उन्होंने राज्य में गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले लोगों को गरीबी से उबारने का संकल्प व्यक्त करते हुए कहा, हमारी सरकार जो कहती है, वह कर दिखाती है। मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना के तहत महिलाओं को एक हजार रुपये के बदले 2,500 रुपये हर माह देने का वादा हमने सरकार बनते ही पूरा कर दिखाया।
उन्होंने कहा कि दो महीने से मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना का पैसा महिलाओं के खातों में नहीं गया है। इस पर कुछ लोग सवाल उठा रहे हैं। दरअसल, हमने पाया है कि चतुर, चालाक, लोमड़ी-भेड़िया किस्म के लोगों ने महिलाओं के नाम पर गलत तरीके से पैसा निकाला है। ऐसे लोगों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। मंईयां को सशक्त करने की यह योजना हमेशा चलती रहेगी। हमने बजट में इसके लिए सबसे ज्यादा राशि का प्रावधान किया है।
मुख्यमंत्री (Hemant Soren) ने कहा कि उन्होंने बार-बार कहा है कि उनकी सरकार रांची मुख्यालय में बैठकर नहीं चलती। यह गांव-देहात से चलने वाली सरकार है। मंत्री, अफसर, कर्मचारी अब गांव-गांव में शिविर लगाकर लोगों की समस्याओं का समाधान करते हैं। उन्होंने कहा कि हम ऐसी व्यवस्था लागू करने जा रहे हैं ताकि जरूरी प्रमाणपत्रों के लिए लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें। सरकार लोगों के घर तक इन्हें पहुंचाएगी।
देश की अर्थव्यवस्था की चर्चा करते हुए सोरेन ने कहा कि महंगाई लगातार बढ़ रही है। इसके रुकने का कोई आसार नहीं दिखता। नमक, दूध, दही, चाय, चीनी, कपड़ा, कागज, जूता- तमाम चीजों पर इतना टैक्स लाद दिया गया है, जितना पहले कभी नहीं था।
CM Hemant Soren ने जनसभा में उपस्थित लोगों का आह्वान किया कि वे समाज को बांटने वाली ताकतों और चुनाव में जुमला परोसने वालों के झांसे में न आएं। जनसभा को मुख्यमंत्री की पत्नी कल्पना सोरेन और मंत्री सुदिव्य कुमार सहित कई नेताओं ने संबोधित किया।
–आईएएनएस
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