भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) ने घरेलू T20 प्रतियोगिता से विवादित इम्पैक्ट प्लेयर (Impact Player) का नियम हटाने का फैसला किया है।
बीसीसीआई ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी से इम्पैक्ट प्लेयर (Impact Player) के नियम को हटाने की घोषणा की है। सोमवार को बीसीसीआई ने इसका आधिकारिक ऐलान किया। आपको बता दें कि इम्पैक्ट प्लेयर का नियम IPL में लागू रहेगा।
बीसीसीआई ने स्टेट एसोसिएशनंस के लिए जारी एक आदेश में कहा कि सभी इस बात पर ध्यान दें कि सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी से इम्पैक्ट प्लेयर (Impact Player) के प्रावधान को खत्म करने का फैसला लिया गया है। सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी की शुरुआत 23 नवंबर से होने वाली है और 15 दिसंबर तक खेली जाएगी।
इस घरेलू T20 ट्रॉफी से ही हुई थी इम्पैक्ट प्लेयर की शुरुआत
इम्पैक्ट प्लेयर (Impact Player) नियम की शुरुआत सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी से ही हुई थी। इसके बाद इस नियम को IPL में लाया गया था। साल 2023 में हुए IPL में इस नियम का पहली बार इस्तेमाल किया गया था। IPL 2023 में इम्पैक्ट प्लेयर का इस्तेमाल चेन्नई सुपर किंग्स और गुजरात टाइटंस के बीच पहली बार हुआ था।
क्या होता है इम्पैक्ट प्लेयर?
इम्पैक्ट प्लेयर (Impact Player) के नियम के अनुसार टॉस के बाद टीम का कप्तान 15 खिलाड़ियों की लिस्ट देता है। टीम प्लेइंग 11 के अलावा पांच खिलाड़ियों को इम्पैक्ट प्लेयर के रुप में रखती है। इन पांच खिलाड़ियों में से कोई भी एक खिलाड़ी मैच में किसी भी समय प्लेइंग 11 में किसी अन्य खिलाड़ी की जगह शामिल हो सकता है। जिस खिलाड़ी को रिप्लेस किया जाता है वह खिलाड़ी प्लेइंग 11 में दोबारा वापस नहीं आ सकता है। आपको बता दें कि इस नियम के कारण ही IPL के पिछले सीजन में 20 ओवर में 250 रन से अधिक कई बार स्कोर बने थे।
रोहित शर्मा कर चुके हैं आलोचना
इस नियम को लेकर विवाद चलता रहता है। कुछ लोग इस नियम के पक्ष में है तो वहीं कुछ लोग इस नियम का विरोध करते है। भारतीय टीम के कप्तान रोहित शर्मा भी इम्पैक्ट प्लेयर के नियम की आलोचना कर चुके हैं। उन्होंने कहा था कि इस नियम के कारण हरफनमौला खिलाड़ियों की प्रतिभा प्रभावित होती है। उन्होंने आगे कहा था कि इस नियम के कारण ऑलराउंडर्स की भूमिका कम होती जा रही है, जो इंटरनेशनल मैचों में टीम की तैयारी को प्रभावित करता है।


