देश के मजदूर वर्ग के लिए राहत भरी खबर आई है। केंद्र सरकार ने मज़दूरों की दैनिक आमदनी (Daily Wages) को बढ़ाने का फैसला किया है।
केंद्र सरकार ने बढ़ती महंगाई को ध्यान में रखते हुए बड़ा ऐलान किया है। देश के मजदूर वर्ग की दिहाड़ी (Daily Wages) को बढ़ा दिया गया है। आगामी एक अक्टूबर से मजदूर वर्ग को उनका मेहनताना बढ़कर मिलेगा।
श्रम और रोजगार मंत्रालय ने इस बारे में एक बयान जारी किया है। उन्होंने कहा है कि VDA यानी वेरिएबल डियरनेस अलाउंस में बदलाव किया गया है।
आपको बता दे कि केंद्र सरकार की तरफ से किए गए इस ऐलान से एक दिन पहले दिल्ली सरकार ने भी ऐसी ही घोषणा की थी। ये घोषणा दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी ने की थी।
केंद्र और दिल्ली सरकार- दोनों के फैसलों से फायदा उन मजदूरों को मिलेगा जो बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन, लोडिंग और अनलोडिंग, वॉच एंड वार्ड, स्वीपिंग, हाउसकीपिंग जैसे क्षेत्रों से जुड़े हैं।
सरकार के इस कदम से असंगठित क्षेत्रों के मजदूरों की आर्थिक हालत में सुधार होगा। उनकी आमदनी बढ़ेगी तो उनका जीवन स्तर भी सुधरेगा।
मजदूरी (Daily Wages) की नई दरें 1 अक्टूबर 2024 से लागू होंगी। इससे पहले अप्रैल 2024 में मजदूरी दरों में आखिरी बार बदलाव किया गया था।
मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी (Daily Wages) उनके कौशल और भौगोलिक क्षेत्र के आधार पर तय की गई है। कौशल स्तर के हिसाब से मजदूरों को अकुशल, अर्धकुशल, कुशल और अत्यधिक कुशल कैटेगरी में बांटा गया है, जबकि भौगोलिक क्षेत्रों को A, B और C श्रेणियों में रखा गया है।
केंद्र सरकार ने जो संशोधन किया है उसके बाद, क्षेत्र ‘A’ में अकुशल मजदूरों के लिए न्यूनतम मजदूरी दर (Daily Wages) 783 रुपये प्रतिदिन होगी, यानी 20 हजार 358 रुपये प्रति माह। वहीं, अर्धकुशल मजदूरों के लिए एक दिन का मेहनताना 868 रुपये तय किया गया है, ये हर महीने 22 हजार 568 रुपये होगा।
कुशल मजदूरों के लिए 954 रुपये प्रतिदिन तय हुए हैं। ये महीने के 24 हजार 804 रुपये होते हैं। इसके बाद अत्यधिक कुशल मजदूरों और हथियारबंद चौकीदारों की बात आती है। इनके लिए 1,035 रुपये प्रतिदिन तय किए गए हैं, जो महीने के 26 हजार 910 रुपये होते हैं।
दिल्ली की मुख्यमंत्री आतिशी ने भी अलग-अलग केटेगरी में मजदूरों के न्यूनतम वेतन (Daily Wages) में बढ़ोतरी की घोषणा की है। दिल्ली सरकार ने अकुशल मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी 18 हजार 066 रुपए प्रति माह तय की है।
वहीं, अर्धकुशल मजदूर को हर महीने कम से कम 19 हजार 929 रुपए मिलेंगे। कुशल मजदूरों के लिए न्यूनतम मजदूरी को बढ़ाकर 21 हजार 917 रुपए प्रति महीना किया गया है।


