Jammu & Kashmir में सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ जारी है।
Jammu & Kashmir के अनंतनाग के कोकरनाग के लाडनूं इलाके में यह मुठभेड़ चल रही है। सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ के दौरान दो आतंकवादियों को मार गिराया है। जानकारी के मुताबिक ये दोनों आतंकवादी भारतीय सेना के जवान के अपहरण और हत्या में शामिल थे।
राजपूताना राइफल दे रही है ऑपरेशन को अंजाम
सेना को मिली खुफिया जानकारी के मुताबिक इस इलाके में और भी आतंकवादी छिपे हुए हैं। आपको बता दें कि इस ऑपरेशन को 19 राजपूताना राइफल और 7 पैरा फोर्स मिलकर अंजाम दे रहे हैं। भारतीय सुरक्षाबल कश्मीर घाटी में कई स्थान पर एक साथ मुठभेड़ कर रहे हैं। अभी डोडा, किश्तवाड़, पुंछ और राजौरी में भी मुठभेड़ चल रही है।
भारतीय सेना ने सोशल मीडिया पर दी जानकारी
Jammu & Kashmir के अनंतनाग में जारी मुठभेड़ को लेकर भारतीय सेना ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा कि विशिष्ट इनपुट के आधार पर भारतीय सेना, जम्मू कश्मीर पुलिस और श्रीनगर सेक्टर सीआरपीएफ द्वारा जनरल एरिया हलकान गली, अनंतनाग में एक संयुक्त अभियान शुरू किया गया था।
2 नवंबर 2024 को हलकान गली के पास संदिग्ध गतिविधि देखी गई और सतर्क सैनिकों द्वारा चुनौती दी गई। जिसके बाद आतंकवादियों ने सेना पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी। हमारे सैनिकों ने प्रभावी ढंग से जवाबी कार्रवाई की जिसके परिणामस्वरूप दो आतंकवादी मारे गए हैं। उन्होंने आगे लिखा कि फिलहाल ऑपरेशन जारी है।
श्रीनगर के खानयार में भी चल रही है मुठभेड़
Jammu & Kashmir के श्रीनगर के खानयार इलाके में एक और मुठभेड़ चल रही है। अधिकारियों के अनुसार अब तक दोनों पक्षों में किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है। कश्मीर जोन की पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि श्रीनगर जिले के खानयार इलाके में घेराबंदी और तलाशी अभियान के कारण गोलीबारी हुई है। पुलिस और सुरक्षा बल ड्यूटी पर जुटे हुए हैं। ताजा जानकारी के मुताबिक श्रीनगर में मुठभेड़ में सीआरपीएफ का एक जवान घायल हो गया है।
आतंकवादियों को मारा नहीं, पकड़ा जाना चाहिए- फारूक अब्दुल्ला
Jammu & Kashmir के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला ने मुठभेड़ पर बयान दिया है। उन्होंने बडगाम आतंकी हमले की जांच कराने की मांग की है। साथ ही उन्होंने संदेह जताया है कि यह हमला उन लोगों द्वारा किया गया है जो Jammu Kashmir सरकार को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे है।
पूर्व सीएम ने आगे कहा कि अगर आतंकवादी पकड़े जाते हैं तो हमें पता चल जाएगा कि यह कौन करवा रहा है। उन्हें नहीं मारा जाना चाहिए, आतंकवादियों को पकड़ा जाना चाहिए और पूछा जाना चाहिए कि उनके पीछे कौन है। हमें जांच करनी चाहिए कि क्या कोई एजेंसी है जो उमर अब्दुल्ला सरकार को अस्थिर करने की कोशिश कर रही है।


