Sambhal Violence: उत्तर प्रदेश के संभल जिले में हुई हिंसा के मामले में यूपी पुलिस ने सख्त एक्शन लिया है। यूपी पुलिस ने कई लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
संभल में बीते दो दिन से तनाव का माहौल देखने को मिल रहा है। यह सारा विवाद तब शुरू हुआ था जब कोर्ट ने संभल में जामा मस्जिद में सर्वे करने का आदेश दिया था। अब तक हुई हिंसा में चार लोगों की मौत हो चुकी है और 20 से ज्यादा पुलिसकर्मी भी घायल हो चुके हैं। यूपी पुलिस ने समाजवादी पार्टी के सांसद जिया उर रहमान बर्क के खिलाफ FIR दर्ज कर ली है।
इंटरनेट को किया गया बंद
संभल (Sambhal Violence) में खराब हालात को देखते हुए इलाके में इंटरनेट को बंद कर दिया गया है। साथ ही प्रशासन ने स्कूलों को भी बंद करने का आदेश दिया है। हिंसा में मारे गए लोगों की पहचान कोट कुर्वी इलाके के निवासी नईम, सरायतरीन के बिलाल, संभल के हयातनगर के रहने वाले नोमान और मोहम्मद कैफ के रूप में हुई है। पुलिस अधिकारी के मुताबिक रविवार शाम को पोस्टमार्टम के बाद सभी के शव उनके परिजनों को सौंप दिया गया।
सपा सांसद पर हुआ FIR
यूपी पुलिस ने सांसद जिया उर रहमान बर्क के अलावा स्थानीय विधायक इकबाल महमूद के बेटे सोहेल इकबाल के खिलाफ भी केस दर्ज किया है। सोहेल इकबाल भी समाजवादी पार्टी के नेता है। पुलिस ने इन दोनों नेताओं पर हिंसा भड़काने, भीड़ जुटाने और अशांति फैलाने का आरोप लगाया है।
जिला प्रशासन पत्थर, सोडा की बोतलें या किसी भी ज्वलनशील या विस्फोटक सामग्री को खरीदने या जमा करने पर भी प्रतिबंध लगा दिया है। साथ ही संभल में किसी भी बाहरी व्यक्ति या जनप्रतिनिधि के 30 नवंबर तक बिना अनुमति के क्षेत्र में प्रवेश करने पर रोक लगा दी है।
हिंसा में 20 पुलिसकर्मी घायल
यूपी पुलिस ने बताया कि उपद्रवियों ने गोलियां चलाईं और इससे एक पुलिस अधिकारी के पैर में गोली लग गई। वहीं, इस हिंसा में 15 से 20 पुलिसकर्मी घायल हो गए है। डिप्टी कलेक्टर के पैर में फ्रैक्चर हो गया है। हिंसा को लेकर सामने आई तस्वीरों में लोगों को इमारतों की छतों से और शाही जामा मस्जिद के सामने से पुलिस पर पत्थरबाजी करते हुए देखा जा सकता है।
अखिलेश यादव ने सरकार की आलोचना की
विपक्षी दलों ने हिंसा को लेकर बीजेपी की आलोचना की है। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर सीधे गोली चलाई और यह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बीजेपी-आरएसएस की सुनियोजित साजिश की वजह से हुआ।
समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भी बीजेपी की आलोचना कि उनकी सरकार और प्रशासन ने हिंसा की साजिश रची है। वहीं, बीजेपी ने पलटवार करते हुए आरोप लगाया है कि लोकसभा चुनावों में हार के बाद से ही इंडिया गठबंधन अशांति फैलाने की कोशिश कर रहा है।


