बिहार के राजगीर में Women Asian Champions Trophy खेला जा रहा था। आज यानी 20 नवंबर को भारत और चीन के बीच फाइनल मैच खेला गया।
भारतीय टीम ने चीन को 1-0 से हराकर ट्रॉफी को अपने नाम किया। यह भारतीय टीम की तीसरी महिला एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी जीत है। भारतीय टीम साल 2023 में रांची और 2016 में सिंगापुर में एशियाई चैंपियंस ट्रॉफी जीती थी। भारत के अलावा दक्षिण कोरिया ने Women Asian Champions Trophy का खिताब तीन बार जीत चुकी है।
भारत ने इस टूर्नामेंट में बेहतरीन प्रदर्शन किया और टूर्नामेंट में एक भी मैच नहीं हारा। भारतीय टीम ने सभी सात मैचों में जीत हासिल की है।
दीपिका बनीं प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट
फाइनल मैच में भारत की स्टार खिलाड़ी दीपिका ने निर्णायक गोल किया। टूर्नामेंट में दीपिका का यह 11वां गोल था। हालांकि, भारत ने पहले हाफ में एक भी गोल नहीं किया था। भारत को कई पेनल्टी कॉर्नर मिले लेकिन वे उन्हें गोल में तब्दील नहीं कर सके।
दीपिका प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुनी गईं है। उन्होंने पूरे टूर्नामेंट में 6 पेनल्टी कॉर्नर को गोल में तब्दील किया है। बेस्ट गोलकीपर का पुरस्कार जापान की यू कुडो को मिला।
दीपिका ने दागा निर्णायक गोल
मैच के शुरुआत में सुशीला चानू ने पेनल्टी कॉर्नर को सही से नहीं रोक सकी, लेकिन भारत को खेल में जीवित रखा। दीपिका ने ठहर कर समय लिया और फिर एक जोरदार टॉमहॉक शॉट मारा। चीनी गोलकीपर को चकमा देते हुए दूर कोने में चला गया।
पहले गोल के बाद भारत को एक और मौका मिला। लेकिन दीपिका इस पेनल्टी स्ट्रोक को गोल में नहीं बदल सकी। चीनी गोलकीपर ली तिंग ने शानदार बचाव किया और भारत को गोल नहीं करने दिया। इसके बाद भारत को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला, लेकिन सुशीला इस मौके को भी भुना नहीं पाईं।
भारतीय गोलकीपर ने शानदार प्रदर्शन किया
भारत ने इस मैच में शानदार बचाव किया और चीन को कोई पेनल्टी कॉर्नर नहीं दिया। चीनी टीम का एकमात्र अच्छा मौका भारतीय गोलकीपर बिचु देवी ने शानदार बचाव करते हुए नाकाम कर दिया। बिचु और सविता पूनिया ने इस टूर्नामेंट में गोलकीपिंग का साझा जिम्मा निभाया था और दोनों ने बेहद अच्छा प्रदर्शन किया।


